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मुसलमान ने सेना के नाम की पूरी संपत्ति, बोला- यहां अल्लाह नहीं जवान बचा रह

New Delhi : कश्मीर के एक मुसलमान ने पूरे देश के सामने एक मिसाल पेश की है। पुलवामा में रहने वाले राहत मियां ने अपनी पूरी संपत्ति सेना के नाम कर दी है।

पुलवामा में रहने वाले राहत ने सेना के नाम पत्र लिखकर कहा है कि सेना के जवान उनके लिए सबकुछ है। अगर जवान यहां ना हो तो वो एक दिन भी जिंदा ना रह पाएं। वो सेना के लिए दिन में पांच बार नमाज भी पढ़ते हैं।

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राहत ने अपना घर दुकान सब कुछ सेना के नाम कर दिया है। कल कश्मीर में पुलिस पर हुए हमले से भी वे बेहद आहत हुए हैं।

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उन्होंने कहा कि धरती पर अल्लाह नहीं सेना के जवान हमारी जान बचाते हैं। वो हर देशवासी से अपील करते हैं कि फालतू पैसा खर्च करने की बजाए जवानों के नाम कर दें। सेना मजबूत होगी तो हम जिंदा रह पाएंगे।

इससे पहले  उत्तरी कश्मीर के अनंतनाग में शुक्रवार शाम पुलिस दल पर आतंकी हमला हुआ। हमले में छह जवान शहीद हो गए जिनके शवों के साथ बर्बरता की गई। हमले में एक एसएचओ समेत 6 पुलिसकर्मी शहीद हो गए हैं। आतंकी हमले की जिम्मेदारी लश्कर ने ली है। अनंतनाग के अचाबल में आतंकवादियों द्वारा घात लगाकर ये आतंकी हमला किया गया है। जिसमें एसएचओ फिरोज डार के साथ पांच पुलिसकर्मियों की मौत हो गई। इससे पहले जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में सुरक्षा बलों की फायरिंग में एक नागरिक की मौत हो गई थी।

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आधिकारिक सूत्रों ने आज तक को बताया कि दोपहर बाद आतंकवादियों ने अचाबल इलाके के पास पुलिस पार्टी पर अंधाधुंध गोलियां चला दीं जिसमें 6 पुलिसकर्मी घायल हो गए। हमले में घायल सभी पुलिस कर्मियों को अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने सभी को मृत घोषित कर दिया।

पुलिस महानिदेशक एसपी वैद ने बताया कि शहीद थाना प्रभारी की पहचान उपनिरीक्षक फिरोज के रूप में हुई है जो आतंकवादियों की अंधाधुंध गोलीबारी की चपेट में आ गए। वह पुलवामा के रहने वाले थे। उन्होंने कहा कि अन्य शहीदों में एक चालक और चार अन्य पुलिसकर्मी शामिल हैं जो अपनी जीप में नियमित ड्यूटी पर थे।

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पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि हमले के पीछे पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर ए तैयबा का हाथ होने का संदेह है। उसने अरवनी मुठभेड़ का बदला लेने के लिए यह हमला कराया होगा जिसमें उसके स्थानीय कमांडर जुनैद मट्टू के मारे जाने की बात कही जा रही है।

वहीं आर्मी ने पुलिस पर हुए हमले का बदला लेने की बात कही है। सेना पूरे इलाके सर्च ऑपरेशन चला रही है।

बिजबेहड़ा के अरवनी में मुठभेड़ आज सुबह शुरू हुई और इसमें सभी तीन आतंवादियों के मारे जाने की बात कही जा रही है। अभी तक कोई शव बरामद नहीं हुआ है। अधिकारियों ने कहा कि सेना क्षेत्र की तलाशी ले रही है।

आतंकी हमले के बाद सेना, एसओजी, सीआरपीएफ और पुलिस के ने हमलावरों को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।

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